एक अनमोल रिश्ता

मेरा अनुज

Cover artwork for एक अनमोल रिश्ता

वसंत ऋतु की फाल्गुन माह में एक सुन्दर अलसी का फूल खिला...

आज भी कानों में गूंजती है वो दीदी ...दीदी की रट...
वो अनगिनत खेल..वो अनगिनत बातें...वो लड़ना झगड़ना..

अचानक एक दिन सबकछ अंधकारमय हो गया..
माँ शब्द हमारे जीवन में एक पीड़ादायक याद बनके रह गया और उस दिन से सबकुछ व्यर्थ सा लगने लगा।

समय बीतता गया...वो छोटी सी मधुर ध्वनि अपना चमत्कार दिखाने लगी..
साहस , उत्साह जैसे शब्दों को जीवन में वापस लाने लगी।

छोटे से बाबू ने फिर से हंसना मुस्कुराना सिखाया...
जीवन को नवीन रूप से फिर से जीना सिखाया।

मेरे भाई..ये बंधन मुझे सबसे ज़्यादा प्यारा है..
हर मोड़ पे साथ रहके तुमने ये जीवन संवारा है।


#Poetry #QuietVerses #MidnightMusings #WordCraft
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