omsa 8619633638
गम ने हसने न दिया, ज़माने ने रोने न दिया!nइस उलझन ने चैन से जीने न दिया!nथक के जब सितारों से पनाह ली!nनींद आई तो तेरी याद ने सोने न दिया!
गम ने हसने न दिया, ज़माने ने रोने न दिया!
इस उलझन ने चैन से जीने न दिया!
थक के जब सितारों से पनाह ली!
नींद आई तो तेरी याद ने सोने न दिया!